सीतामढ़ी: जिले में बेखौफ अपराधियों ने जिला परिषद सदस्य के पति की गोली मारकर हत्या कर दी। घटना डुमरा थाना क्षेत्र के केथरिया की बताई जा रही है। मृतक की पहचान जिला परिषद क्षेत्र संख्या-13 की सदस्य खुश्दिल देवी के पति बैद्यनाथ महतो के रूप में हुई है।
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जानकारी के अनुसार, बैद्यनाथ महतो शनिवार सुबह रोजाना की तरह टहलने के लिए घर से निकले थे। इसी दौरान बदमाशों ने उन्हें निशाना बनाकर फायरिंग कर दी। गोली लगने के बाद उनकी मौके पर ही मौत हो गई।
घटना की जानकारी मिलते ही आसपास के इलाके में हड़कंप मच गया। बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौके पर जुट गए। हत्या की सूचना के बाद पुलिस भी घटनास्थल पर पहुंची और मामले की जांच शुरू की।
ताबड़तोड़ फायरिंग से इलाके में फैली सनसनी

प्रत्यक्ष जानकारी के अनुसार, हमलावरों ने बैद्यनाथ महतो पर अचानक फायरिंग की। गोली लगने से वह गंभीर रूप से घायल हो गए और मौके पर ही उनकी मौत हो गई।
फिलहाल हत्या के पीछे की वजह स्पष्ट नहीं हो सकी है। पुलिस घटना के कारणों और हमलावरों की पहचान का पता लगाने में जुटी है। आसपास के लोगों से भी पूछताछ किए जाने की बात सामने आई है।
पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि वारदात के समय बैद्यनाथ महतो के साथ कौन-कौन लोग मौजूद थे और हमलावर किस रास्ते से मौके पर पहुंचे और वहां से फरार हुए।
तीन दिन पहले जिला पार्षद के आवास पर कथित फायरिंग

इस हत्या की घटना इसलिए भी चर्चा में है क्योंकि तीन दिन पहले जिला पार्षद के आवास पर कथित गोलीबारी को लेकर ग्रामीणों ने डुमरा थाना पहुंचकर प्रदर्शन किया था।
ग्रामीणों ने पुलिस से उस मामले में आरोपित लोगों की गिरफ्तारी की मांग की थी। बताया गया कि 28 अगस्त को जिला पार्षद के आवास पर कथित फायरिंग की घटना हुई थी। इसके बाद सैकड़ों ग्रामीणों ने पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए कार्रवाई की मांग की थी।
अब बैद्यनाथ महतो की हत्या के बाद स्थानीय लोगों के बीच पहले की घटना को लेकर भी चर्चा तेज हो गई है। हालांकि, दोनों घटनाओं के बीच किसी संबंध की आधिकारिक पुष्टि अभी सामने नहीं आई है।
हत्या के बाद पुलिस की कार्यशैली पर उठे सवाल
बैद्यनाथ महतो की हत्या के बाद एक बार फिर पुलिस की कार्यशैली को लेकर सवाल उठने लगे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि यदि पहले की कथित फायरिंग के मामले में समय रहते कार्रवाई होती तो स्थिति को लेकर अलग तस्वीर हो सकती थी।
हालांकि, यह ग्रामीणों की प्रतिक्रिया और आरोप हैं। पुलिस की ओर से हत्या के पीछे की वजह या 28 अगस्त की कथित फायरिंग से इस घटना के संबंध को लेकर विस्तृत जानकारी सामने आना बाकी है।
पुलिस फिलहाल मामले की जांच कर रही है और हमलावरों की गिरफ्तारी के लिए कार्रवाई किए जाने की बात कही जा रही है।
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पूर्व विधायक ने भी उठाए पुलिस की कार्यशैली पर सवाल
घटना को लेकर पूर्व विधायक सुनील कुशवाहा ने भी पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने मामले में अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की।
फिलहाल सीतामढ़ी पुलिस के सामने सबसे बड़ी चुनौती हत्या में शामिल आरोपियों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार करना है। घटना के बाद इलाके में तनाव और आक्रोश का माहौल है।






















