Nirsa School Building: धनबाद जिले के निरसा विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत पंडरा पश्चिम पंचायत स्थित खास बैजना मध्य विद्यालय के जर्जर भवन को लेकर ग्रामीणों में चिंता है। ग्रामीणों के अनुसार, विद्यालय की इमारत लंबे समय से खराब स्थिति में है। विभाग को बार-बार सूचना देने के बावजूद समस्या का समाधान नहीं होने का आरोप है। फिलहाल कक्षा एक से आठ तक के लगभग 96 छात्र-छात्राओं की पढ़ाई केवल दो कमरों में हो रही है।
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जर्जर भवन में पढ़ाई को लेकर अभिभावक चिंतित
ग्रामीणों का कहना है कि विद्यालय भवन की स्थिति खराब होने के कारण बच्चों की सुरक्षा को लेकर चिंता बनी रहती है। अभिभावक आशंकित हैं और कुछ लोग इसी वजह से बच्चों को स्कूल भेजने में भी हिचकिचाते हैं। स्थानीय लोगों के मुताबिक, विद्यालय में कक्षा एक से आठ तक की पढ़ाई होती है, लेकिन उपलब्ध कमरों की संख्या सीमित है। इससे विद्यार्थियों की पढ़ाई और उनकी सुरक्षा दोनों को लेकर सवाल उठ रहे हैं।

ग्रामीणों ने जिप सदस्य को बताई समस्या
विद्यालय की स्थिति से परेशान ग्रामीणों ने जिला परिषद सदस्य दीपाली रुहिदास को मामले की जानकारी दी। ग्रामीणों की शिकायत मिलने के बाद उन्होंने विद्यालय का निरीक्षण किया और भवन की स्थिति का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान दीपाली रुहिदास ने भी भवन को जर्जर पाया। इसके बाद उन्होंने ग्रामीणों से बातचीत कर उनकी समस्याओं को सुना।
जिला स्तर पर अधिकारियों से मुलाकात का आश्वासन
दीपाली रुहिदास ने ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि वह विद्यालय भवन की समस्या को लेकर जिला स्तर पर संबंधित विभाग के अधिकारियों से जल्द मुलाकात करेंगी। उन्होंने समस्या का समाधान कराने के लिए पहल करने की बात कही। अब ग्रामीणों को उम्मीद है कि संबंधित विभाग इस मामले में आवश्यक कदम उठाएगा और विद्यालय भवन की मरम्मत या उचित व्यवस्था को लेकर कार्रवाई होगी।

बच्चों की सुरक्षा और पढ़ाई पर ध्यान देने की मांग
खास बैजना मध्य विद्यालय की स्थिति ने ग्रामीणों के सामने बच्चों की सुरक्षा और शिक्षा से जुड़ा सवाल खड़ा कर दिया है। स्थानीय लोगों की मांग है कि भवन की स्थिति का तकनीकी आकलन कराकर जरूरी मरम्मत या वैकल्पिक व्यवस्था की जाए, ताकि विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित न हो। फिलहाल, जिप सदस्य ने अधिकारियों से मुलाकात कर समस्या के समाधान का आश्वासन दिया है। अब यह देखना होगा कि संबंधित विभाग की ओर से इस दिशा में कब और क्या कदम उठाए जाते हैं।























