Dhanbad News: निरसा ब्लॉक की अबचुडिया पंचायत में डिस्ट्रिक्ट मिनरल फाउंडेशन ट्रस्ट (DMFT) स्कीम के तहत बने एक तालाब को लेकर पहली बारिश के बाद ही विवाद खड़ा हो गया है। ग्रामीणों का आरोप है कि निर्माण कार्य पूरा होने के कुछ ही समय बाद हल्की बारिश में ही तालाब का तटबंध ढह गया, जिससे काम की क्वालिटी पर सवाल उठ रहे हैं।
Highlights:
ग्रामीणों ने निर्माण की क्वालिटी पर सवाल उठाए

स्थानीय लोगों का कहना है कि निर्माण पूरा होने के बावजूद तालाब का कभी औपचारिक उद्घाटन नहीं किया गया। उनका आरोप है कि अगर निर्माण सही मानकों के अनुसार किया गया होता, तो हल्की बारिश में तटबंध नहीं टूटता।
किसानों को संभावित नुकसान का डर

ग्रामीणों के अनुसार, तालाब के पास खेती के खेत और खलिहान हैं। इसलिए, अगर लगातार या भारी बारिश होती है, तो टूटे हुए तटबंध से किसानों की फसलों और खेतों को नुकसान हो सकता है। ग्रामीणों ने मांग की है कि सरकारी पैसे से बनने वाले प्रोजेक्ट्स में क्वालिटी का ध्यान रखा जाए।
ज़िला परिषद सदस्य ने जांच की मांग की
ज़िला परिषद सदस्य दीपावली रोहिदास ने कहा कि उन्हें न तो स्कीम के बारे में कोई आधिकारिक जानकारी दी गई और न ही कोई औपचारिक शिलान्यास समारोह आयोजित किया गया। उन्होंने कहा कि निर्माण के तुरंत बाद तटबंध का ढहना जैसा कि ग्रामीणों ने बताया है क्वालिटी पर गंभीर सवाल खड़े करता है। मीडिया के माध्यम से उन्होंने मांग की कि संबंधित अधिकारी निष्पक्ष जांच करें और दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ उचित कार्रवाई करें।
यह भी पढ़ें: ASISSE-2026: धनबाद में सेवा क्षेत्र के वार्षिक सर्वे पर हितधारक जागरूकता कार्यशाला आयोजित
प्रशासन की प्रतिक्रिया पर सबकी नज़र
ग्रामीणों ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच और संबंधित अधिकारियों व ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। अब यह देखना बाकी है कि प्रशासन इस मुद्दे को कितनी गंभीरता से लेता है, क्या वह जांच का आदेश देता है, और अगर निर्माण में कोई गड़बड़ी पाई जाती है तो क्या कदम उठाता है।






















