झारखंड:पाकुड़ के बाद लोहरदगा में भी फर्जी आधार कार्ड का उपयोग कर वोटर कार्ड बनाये जाने के मामले पर चुनाव आयोग ने कड़ा रुख अपनाया है। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के. रवि कुमार ने सभी विधानसभा निर्वाचक निबंधन पदाधिकारियों को निर्देश दिये हैं कि ऐसे संदिग्ध दस्तावेज पाये जाने पर संबंधित व्यक्तियों, प्रज्ञा केंद्रों और साइबर कैफे के खिलाफ सख्त कार्रवाई करें। जांच में पाया गया कि कुछ लोग मंईया योजना समेत अन्य सरकारी योजनाओं का लाभ पाने के लिए आधार कार्ड में उम्र में छेड़छाड़ कर वोटर आईडी बनवा रहे हैं। लोहरदगा में एक मामले में फर्जी आधार कार्ड का उपयोग किया गया था, जिसे आयोग ने फर्जी करार दिया है। पाकुड़ में भी इसी तरह के फर्जीवाड़े के मामले सामने आने पर प्रशासन ने आठ टीमों का गठन कर गिरोह पर शिकंजा कसा है। लोहरदगा में भी थानेदार, BDO और अन्य अधिकारियों के साथ मिलकर ऐसे गिरोहों की पहचान कर कार्रवाई तेज की जायेगी। चुनाव आयोग की यह कार्रवाई चुनाव प्रक्रिया की पारदर्शिता बनाये रखने और फर्जीवाड़े को रोकने के लिए अहम कदम है।





















