दिल्ली: नेशनल कमीशन फॉर वीमेन (NCW) ने सोमवार को महिलाओं की सुरक्षा को मजबूत करते हुए नई 24×7 शॉर्ट-कोड हेल्पलाइन 14490 लॉन्च की है। यह नंबर एक टोल-फ्री, याद रखने में आसान शॉर्ट कोड है, जो पहले से संचालित कमीशन की हेल्पलाइन 7827170170 से जुड़ा हुआ है। इसके माध्यम से देशभर की महिलाएं बिना किसी शुल्क और बिना देरी के तत्काल मदद प्राप्त कर सकेंगी।
Highlights:
हिंसा, उत्पीड़न और परेशानी की स्थितियों में तत्काल सहायता
NCW के अनुसार यह नया शॉर्ट कोड हिंसा, उत्पीड़न, साइबर क्राइम, घरेलू हिंसा और किसी भी तरह के जेंडर-बेस्ड अपराध का सामना कर रही महिलाओं को तुरंत सहायता प्रदान करने के उद्देश्य से शुरू किया गया है।
हेल्पलाइन—
- प्राथमिक सलाह देगी,
- संबंधित अधिकारियों से समन्वय कराएगी,
- और आवश्यकता पड़ने पर तुरंत हस्तक्षेप सुनिश्चित करेगी।
मेंटल हेल्थ काउंसलिंग भी उपलब्ध
कमीशन हर साल घरेलू हिंसा, दहेज उत्पीड़न, साइबर हैरेसमेंट और अन्य अपराधों से जुड़ी हजारों शिकायतें प्राप्त करता है, जिनमें कई का महिलाओं के मानसिक स्वास्थ्य पर गहरा प्रभाव पड़ता है।
इसी को ध्यान में रखते हुए हेल्पलाइन में प्रोफेशनल साइकोलॉजिकल काउंसलर उपलब्ध हैं, जो:
- पीड़िताओं को शिकायत दर्ज कराने में मदद करेंगे,
- उन्हें ट्रॉमा से उबरने के लिए सुरक्षित और संरचित काउंसलिंग प्रदान करेंग।
महिला अधिकारों की सुरक्षा में एनसीडब्ल्यू की भूमिका
भारत में महिलाओं के अधिकारों की सबसे बड़ी संस्था के रूप में एनसीडब्ल्यू:
- पॉलिसी सुझाव,
- कानूनी मूल्यांकन,
- मौजूदा कानूनों के अनुपालन पर निगरानी,
- और जेंडर आधारित भेदभाव हटाने की दिशा में कार्यक्रमों के क्रियान्वयन पर काम करता है।
एनसीआरबी के आंकड़े: महिलाओं के खिलाफ अपराध में फिर बढ़ोतरी
नेशनल क्राइम रिकॉर्ड ब्यूरो (NCRB) की रिपोर्ट के अनुसार:
- वर्ष 2023 में करीब 4.5 लाख महिलाओं के खिलाफ अपराध दर्ज हुए—जो पिछले दो वर्षों की तुलना में अधिक है।
- दिल्ली लगातार तीसरे साल महिलाओं के लिए सबसे असुरक्षित “मेगा सिटी” बनी।
- राज्यों में सबसे अधिक केस उत्तर प्रदेश (66,381) में दर्ज हुए।
इसके बाद—- महाराष्ट्र: 47,101
- राजस्थान: 45,450
- पश्चिम बंगाल: 34,691
- मध्य प्रदेश: 32,342






















