धनबाद : युवा आजसू ने शहीद निर्मल महतो मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल के मुख्य द्वार पर अस्पताल अधीक्षक एवं आउटसोर्सिंग कंपनियों में कथित भ्रष्टाचार के विरोध में जोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री, स्वास्थ्य मंत्री और अस्पताल अधीक्षक का पुतला दहन कर जांच की मांग उठाई।
युवा आजसू नेताओं ने अस्पताल प्रशासन के खिलाफ 11 सूत्री मांग पत्र जारी करते हुए कई गंभीर आरोप लगाए। संगठन का कहना है कि वर्ष 2019 से बिना टेंडर के एक ही आउटसोर्सिंग कंपनी को लगातार काम दिया जा रहा है। साथ ही साफ-सफाई का कार्य भी वर्षों से उसी कंपनी को सौंपा गया है।
कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि ब्लैकलिस्टेड होने के बावजूद फ्रंटलाइन आउटसोर्सिंग कंपनी को लगातार काम दिया जा रहा है। कर्मचारियों के वेतन में कटौती, समय पर भुगतान नहीं होने तथा निजी लोगों को घर बैठे वेतन देने जैसे आरोप भी लगाए गए।
युवा आजसू ने यह भी आरोप लगाया कि अस्पताल परिसर के सरकारी क्वार्टरों पर अवैध कब्जा कर वसूली की जा रही है। आयुष्मान योजना के इलाज में भ्रष्टाचार, मरीजों को दवा का बिल नहीं दिए जाने तथा सरकार के पैसे के गबन का आरोप भी अधीक्षक पर लगाया गया।
संगठन ने ओपीडी में वरिष्ठ डॉक्टरों की अनुपस्थिति, एक ही समय में डॉक्टरों और कर्मचारियों के दो जगह कार्य करने तथा अस्पताल प्रशासन की लापरवाही पर भी सवाल उठाए। इसके अलावा सुपर स्पेशलिटी अस्पताल की 131 नियुक्तियों में स्थानीय युवाओं को प्राथमिकता देने की मांग की गई।
प्रदर्शन में मुख्य रूप से युवा आजसू प्रदेश संयोजक हिरालाल महतो, महानगर अध्यक्ष पप्पू सिंह, सांसद प्रतिनिधि सौरभ महतो, प्रखंड अध्यक्ष परमेश्वर महतो समेत कई कार्यकर्ता उपस्थित रहे।





















