20.9 C
Jharkhand
Wednesday, November 4, 2026

FSSAI Action on Dabur: ‘100% शुद्ध’ दावों पर FSSAI की सख्ती, डाबर इंडिया के कई उत्पादों पर रोक

FSSAI Action on Dabur नई दिल्ली: फ़ूड सेफ़्टी एंड स्टैंडर्ड्स अथॉरिटी ऑफ़ इंडिया (FSSAI) ने डाबर इंडिया के कुछ फ़ूड प्रोडक्ट्स पर “100%” और “100% प्योर” (शुद्ध) जैसे दावों को लेकर सख़्त रुख़ अपनाया है। रेगुलेटर ने कंपनी को ऐसे दावों वाले प्रोडक्ट्स की मार्केटिंग और बिक्री रोकने का आदेश दिया है। FSSAI का कहना है कि ऐसे दावों को पूरी तरह से साबित नहीं किया जा सकता और इनसे ग्राहकों के गुमराह होने का ख़तरा है।

FSSAI ने किन प्रोडक्ट्स पर आपत्ति जताई?

FSSAI के अनुसार, डाबर की वेबसाइट और प्रोडक्ट पैकेजिंग पर “100% नेचुरल,” “100% प्योर,” “100% प्योरिटी गारंटीड,” “100% ऑर्गेनिक,” और “100% टेंडर कोकोनट वॉटर” जैसे दावे किए गए थे। इनमें मुख्य रूप से शहद, एप्पल साइडर विनेगर, वर्जिन कोकोनट ऑयल, तिल का तेल, गाय का घी, नारियल पानी और नारियल का दूध जैसे प्रोडक्ट्स शामिल हैं। रेगुलेटर का कहना है कि ऐसे दावों के लिए पूरी वैज्ञानिक पुष्टि संभव नहीं है; इसलिए, इन्हें ग्राहकों के लिए गुमराह करने वाला माना जा सकता है।

नियमों के उल्लंघन के आरोप

FSSAI ने कहा कि ऐसे प्रमोशन के तरीके फ़ूड सेफ़्टी एंड स्टैंडर्ड्स (एडवरटाइज़िंग एंड क्लेम्स) रेगुलेशंस, 2018 का उल्लंघन करते हैं। इन नियमों के तहत, कोई भी फ़ूड कंपनी ऐसा दावा नहीं कर सकती जिससे ग्राहक भ्रमित हों या जिसकी सटीकता की पूरी पुष्टि न हो। रेगुलेटर ने साफ़ किया कि फ़ूड प्रोडक्ट्स के प्रमोशन में किए गए दावे तथ्यात्मक, प्रमाणित और गुमराह न करने वाले होने चाहिए।

‘जैविक भारत’ लोगो को लेकर सवाल

FSSAI ने यह भी देखा कि डाबर के हिमालयन ऑर्गेनिक एप्पल साइडर विनेगर और डाबर ऑर्गेनिक हनी पर वैध FSSAI ऑर्गेनिक सर्टिफ़िकेशन के बिना ‘जैविक भारत’ (ऑर्गेनिक इंडिया) लोगो का इस्तेमाल किया जा रहा था। इसके अलावा, रेगुलेटर ने ‘होममेड कोकोनट मिल्क’ के बारे में किए गए “100% प्योरिटी” (शुद्धता) के दावे पर भी आपत्ति जताई है। FSSAI के अनुसार, ‘कंपाउंड फ़ूड्स’ (मिश्रित खाद्य पदार्थों) के बारे में ऐसे दावे 2018 के नियमों के तहत मान्य नहीं हैं।

पहले भी नोटिस जारी किया गया था

FSSAI के अनुसार, डाबर इंडिया को इस मामले में पहले भी एक नोटिस जारी किया गया था, जिसमें कंपनी को ऐसे दावों को हटाने और नियमों का पालन करने का निर्देश दिया गया था। हालाँकि, रेगुलेटर ने कहा कि कंपनी संतोषजनक सुधारात्मक कार्रवाई करने में विफल रही। इसके बाद, FSSAI ने नियमों के अनुसार आगे की कार्रवाई शुरू करने का आदेश जारी किया।

यह भी पढ़ें: UP-Nepal Border Alert: नेपाल में हिंसा के बाद यूपी-नेपाल सीमा पर हाई अलर्ट, SSB और पुलिस की निगरानी बढ़ी

उपभोक्ताओं के लिए क्या संदेश है?

FSSAI का मानना ​​है कि खाद्य उत्पादों के लेबल और विज्ञापनों में किए गए दावों का मकसद उपभोक्ताओं को सही और पारदर्शी जानकारी देना होना चाहिए। अगर कोई दावा पूरी तरह से साबित नहीं होता है या उससे उपभोक्ताओं के गुमराह होने की संभावना होती है, तो रेगुलेटरी कार्रवाई की जा सकती है। इस कदम का मकसद खाद्य उत्पादों के प्रमोशन में पारदर्शिता बढ़ाना और उपभोक्ताओं के हितों की रक्षा करना है।

spot_img
Video thumbnail
शिक्षकों के तबादले व BPL एडमिशन में पैसे के खेल !अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर बैठें विधायक अरूप चटर्जी
03:04
Video thumbnail
जन मुद्दों को छोड़ MP ढुलू महतो असंवैधानिक मुद्दों पर कर रहे हैं बात, JLKM नेत्री भारती महतो का हमला
01:57
Video thumbnail
खटाल की आड़ में अवैध कब्जे वाली जमीन बचाना चाहते हैं सांसद ढुल्लू महतो! सुशील मंडल का बड़ा आरोप
02:16
Video thumbnail
सांसद ढुल्लू महतो के बयान पर JLKM का पलटवार! पुतला दहन के बाद जिला प्रवक्ता महेश दुबे ने क्या कहा?
02:55
Video thumbnail
झरिया में फूड सेफ्टी ऑफिसर की बड़ी कार्रवाई! प्रतिबंधित रंग से बना 360 kg बताशा और मिलावटी सेवई सील!
03:39
Video thumbnail
अभिनेता चंकी पांडेय पहुंचे गोविंदपुर, प्रतिभागी बच्चों को दिया सफलता का टिप्स
02:38
Video thumbnail
चंकी पांडेय पहुंचे धनबाद, दिया सोशल मीडिया पर छा जाने का टिप्स...
01:21
Video thumbnail
धनबाद में होमगार्ड बहाली में 30 रिक्त पदों पर बचे हुए अभ्यर्थियों को मौका देने की JLKM ने की मांग
01:48
Video thumbnail
बारामुड़ी खटाल वासियों संग DC से मिलें ढुलु महतो, कहा नही चलेगा बुलडोजर, कांग्रेस JLKM पर बोला हमला
05:40
Video thumbnail
बारामुड़ी खटाल को ले आलोचना से नाराज सांसद ढुलू महतो ने JLKM समर्थकों पर ऐसे कसा तंज..
00:24

रिलेटेड न्यूज़

- Advertisement -spot_img

Most Popular