देवघर: राज्य-स्तरीय श्रावणी मेले के दौरान देवघर में चल रही खास हेलीकॉप्टर सेवा के बीच, ज़िला प्रशासन ने ‘सारस कुंज’ के दिव्यांग और विशेष ज़रूरतों वाले बच्चों को मुफ़्त हेलीकॉप्टर राइड देने की एक अच्छी पहल की। डिप्टी कमिश्नर-सह-ज़िला मजिस्ट्रेट सौरभ कुमार भुवानिया की मौजूदगी में, कुल 25 बच्चों को बारी-बारी से हेलीकॉप्टर से देवघर और बाबाधाम की हवाई सैर कराई गई। इस कार्यक्रम के दौरान बच्चों के चेहरों पर खुशी और उत्साह साफ़ दिख रहा था। आसमान से देवघर और बाबाधाम की सुंदरता देखना उनके लिए सचमुच एक खास और यादगार अनुभव था।
Highlights:
डिप्टी कमिश्नर की पहल से बच्चों के लिए एक यादगार दिन

ज़िला प्रशासन के अनुसार, डिप्टी कमिश्नर सौरभ कुमार भुवानिया ने श्रावणी मेले के दौरान चल रही खास हेलीकॉप्टर सेवा का फ़ायदा समाज के सभी वर्गों तक पहुँचाने की योजना बनाई थी। सारस कुंज के बच्चों के लिए यह पहल इसी मकसद से की गई थी। सुरक्षा मानकों का सख्ती से पालन करते हुए, 25 बच्चों को बैच में हेलीकॉप्टर राइड कराई गई। हेलीकॉप्टर के उड़ान भरते ही बच्चों में उत्साह बढ़ गया। उड़ान के दौरान, उन्होंने हवा से देवघर और बाबाधाम के खूबसूरत नज़ारे देखे। उड़ान के बाद, बच्चों ने अपनी खुशी ज़ाहिर की और इस अनुभव को अपनी ज़िंदगी का एक यादगार पल बताया। सारस कुंज के बच्चों और संस्था के अधिकारियों ने इस पहल के लिए डिप्टी कमिश्नर का आभार व्यक्त किया।
श्रावणी मेले के दौरान खास हेलीकॉप्टर सेवा

झारखंड सरकार और नागरिक उड्डयन (JFI) के सहयोग से राज्य-स्तरीय श्रावणी मेले के दौरान देवघर में एक खास हेलीकॉप्टर सेवा चलाई जा रही है। इसका मकसद धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देना और साथ ही तीर्थयात्रियों और आम जनता को आसानी से और सुरक्षित रूप से हवाई नज़ारे देखने की सुविधा देना है। ज़िला प्रशासन के अनुसार, यह सेवा बुज़ुर्ग और दिव्यांग तीर्थयात्रियों के लिए खास तौर पर फ़ायदेमंद है। प्रशासन का कहना है कि यह पहल न केवल देवघर में पर्यटन को बढ़ावा देती है, बल्कि ज़रूरतमंद और विशेष ज़रूरतों वाले बच्चों को ऐसे अनोखे अनुभवों से जुड़ने का मौका भी देती है।
आसमान से बाबाधाम की खूबसूरती देखकर बच्चों के चेहरे खिले

सारस कुंज के बच्चों के लिए हेलीकॉप्टर की सवारी सिर्फ़ एक उड़ान नहीं, बल्कि एक अनोखा और यादगार अनुभव था। आसमान से बाबाधाम और देवघर के नज़ारे देखते हुए बच्चों में ज़बरदस्त उत्साह दिखा। ज़िला प्रशासन की इस पहल को बच्चों में खुशी और आत्मविश्वास बढ़ाने के एक ज़रिया के तौर पर देखा जा रहा है। बच्चों और संस्था के प्रतिनिधियों ने कहा कि ऐसी सोच-समझकर की गई पहल उन्हें समाज की मुख्यधारा से जोड़ने में मदद करती है।
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मौजूद अधिकारी और पुलिसकर्मी
इस मौके पर डिप्टी डेवलपमेंट कमिश्नर पीयूष सिन्हा, म्युनिसिपल कमिश्नर सुलोचना मीना, सब-डिविज़नल ऑफ़िसर रवि कुमार, देवघर सर्कल ऑफ़िसर अनिल कुमार के साथ-साथ संबंधित मजिस्ट्रेट, पुलिस अधिकारी और सारस कुंज के बच्चे मौजूद थे।






















