SIR के विरोध में रांची में कांग्रेस का अनोखा प्रदर्शन
Jharkhand SIR Protest: मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR के विरोध में कांग्रेस का आंदोलन झारखंड में भी तेज होता दिख रहा है। बुधवार को रांची में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने विरोध का अनोखा तरीका अपनाया। कार्यकर्ता ‘भूत’ का रूप लेकर रांची समाहरणालय परिसर स्थित उपायुक्त कार्यालय पहुंचे। प्रदर्शनकारियों ने दावा किया कि SIR प्रक्रिया के दौरान जीवित लोगों के नाम मतदाता सूची से काट दिए गए और उन्हें ‘मृत’ मान लिया गया। इसी आरोप के विरोध में कार्यकर्ताओं ने ‘भूत’ बनकर प्रदर्शन किया। इस दौरान मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ नारेबाजी की गई और उनका पुतला भी फूंका गया।
Highlights:
‘हम लोग भूत हैं, जीते जी नाम काट दिया’
प्रदर्शन के दौरान जब कांग्रेस कार्यकर्ताओं से पूछा गया कि वे कौन हैं, तो उन्होंने कहा, ‘हम लोग भूत हैं।’ कार्यकर्ताओं का कहना था कि वे जीवित हैं, लेकिन मतदाता सूची से उनका नाम कथित तौर पर हटा दिया गया है। इसी को विरोध का मुद्दा बनाते हुए वे भूत का रूप लेकर समाहरणालय पहुंचे। एक प्रदर्शनकारी ने सवाल उठाया कि जब वह जीवित है तो उसका नाम मतदाता सूची से क्यों काटा गया। प्रदर्शनकारियों ने इसी मुद्दे को लेकर मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की।
‘नाम ही नहीं है तो हम भूत ही हुए’
प्रदर्शन में शामिल एक कार्यकर्ता ने कहा कि मतदाता सूची से नाम हटाए जाने के बाद सूची में उसका नाम ही नहीं है। ऐसे में उसने कहा कि ‘जब नाम ही नहीं है तो हम भूत ही हुए।’ कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि मतदाता सूची से नाम हटने का सीधा असर नागरिक के लोकतांत्रिक अधिकार पर पड़ता है। उन्होंने मताधिकार को लेकर गंभीर सवाल उठाए।
कुमार राजा बोले- ‘भूतों’ की टोली प्रतीक है
रांची महानगर कांग्रेस अध्यक्ष कुमार राजा ने प्रदर्शन को लेकर कहा कि ‘भूतों’ की यह टोली उन लोगों का प्रतीक है, जिनका नाम मतदाता सूची से काटे जाने का आरोप है। उन्होंने दावा किया कि देश में करीब 13 करोड़ ऐसे लोगों की स्थिति को लेकर सवाल उठ रहे हैं। कुमार राजा ने कहा कि जिस नागरिक से लोकतंत्र में वोट देने का अधिकार छीन लिया जाता है, उसकी स्थिति भूत जैसी हो जाती है।
‘ज्ञानेश कुमार को ढूंढने आए हैं’
कुमार राजा ने कहा कि कांग्रेस कार्यकर्ता ज्ञानेश कुमार के खिलाफ लगातार आंदोलन कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी के नेतृत्व में इंडिया गठबंधन पूरे देश में संघर्ष कर रहा है। कांग्रेस नेताओं के मुताबिक, यह विरोध केवल सोशल मीडिया तक सीमित नहीं है। कार्यकर्ताओं ने कहा कि वे सड़कों पर उतरकर अपना विरोध दर्ज करा रहे हैं और रांची में भी बड़ी संख्या में कार्यकर्ता प्रदर्शन में शामिल हुए।
दिल्ली के प्रदर्शन का भी किया जिक्र
कांग्रेस नेताओं ने दिल्ली में हुए विरोध प्रदर्शनों का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग के खिलाफ देश के अलग-अलग हिस्सों में आंदोलन किया जा रहा है। नेताओं ने युवा कांग्रेस के प्रदर्शन का हवाला देते हुए कहा कि दिल्ली में निर्वाचन आयोग के बाहर भी विरोध दर्ज कराया गया है। कांग्रेस नेताओं ने जरूरत पड़ने पर आंदोलन को और तेज करने की बात कही।
‘आंदोलन सोशल मीडिया पर नहीं, सड़क पर है’
कांग्रेस नेताओं ने भाजपा के उस आरोप को खारिज किया कि विपक्ष का SIR विरोध केवल सोशल मीडिया तक सीमित है। उन्होंने रांची समाहरणालय परिसर में हुए प्रदर्शन को इसका जवाब बताया। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि कांग्रेस कार्यकर्ता लगातार सड़कों पर उतरकर विरोध कर रहे हैं। नेताओं ने आरोप लगाया कि भाजपा आंदोलन की गंभीरता को समझने के बजाय इसे सोशल मीडिया का अभियान बता रही है।
पुतला फूंककर जताया विरोध
प्रदर्शन के अंत में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार का पुतला फूंका। इस दौरान ‘वोट चोर, गद्दी छोड़’ जैसे नारे भी लगाए गए। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि जब तक प्रत्येक पात्र नागरिक के मताधिकार को सुनिश्चित नहीं किया जाता, तब तक उनका संघर्ष जारी रहेगा। रांची में हुए इस प्रदर्शन से संकेत है कि SIR का मुद्दा झारखंड में भी राजनीतिक बहस और विरोध प्रदर्शनों का विषय बना हुआ है।






















