निरसा: निरसा के पंडरा गाँव निवासी मुरली मोहन दास को निरसा के पोदारडीह स्थित एक तालाब से युगल कमल की प्राप्ति हुई है जिसे मुरली मोहन दास ईश्वरीय कृपा और ईश्वरीय चमत्कार बताते है जानकारी देते हुए मुरली मोहन दास ने बताया कि वो राज मिस्त्री को ढूंढने पोदारडीह गाँव जा रहे थे तभी उनकी नजर पोद्दारडीह स्थित एक तालाब में खिले युगल कमल पर गयी जो देखने में काफी सौभनीय एवं दुर्लभ लग रहा था मुरली मोहन दास युगल कमल को लेकर अपने घर आ गए और अपने घर के पूजा स्थान पर रखकर विधि पूर्वक पूजा अर्चना कर रहे है.
आपको बता दें कि युगल कमल विशेषकर पौराणिक संदर्भ में, पवित्रता, आध्यात्मिक उन्नति और देवी-देवताओं की कृपा का प्रतीक है। यह ब्रह्म कमल (जो दिव्य माना जाता है) या एक साथ खिले दो कमलों को दर्शाता है। यह कीचड़ में रहकर भी निर्लिप्त रहने (सुख-दुःख में समान रहने) की शिक्षा देता है और वास्तु के अनुसार घर में सुख-समृद्धि लाता है
यह कमल लक्ष्मी, विष्णु और शिव को अत्यंत प्रिय है। मान्यता है कि यह भाग्य, ज्ञान, पवित्रता और सौभाग्य को आकर्षित करता है। घर में युगल कमल का चित्र या पौधा लगाने से नकारात्मक ऊर्जा दूर होती है और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।
यह कमल मनुष्य को जीवन की चुनौतियों (कीचड़) के बीच भी कमल की तरह सुंदर और पवित्र बने रहने की सीख देता है।






















