झरिया: जामाडोबा पानी प्लांट चालू रहने के बावजूद डिगवाडीह वासियों की घरों में पेयजल नहीं पहुंचने से नाराज स्थानीय लोगों का गुस्सा बुधवार को फूट पड़ा। लोगों ने जलापूर्ति विभाग के खिलाफ सड़क पर उतरकर प्रदर्शन किया और लोकल ऑपरेटर पर मनमानी का आरोप लगाया।स्थानीय लोगों का कहना है कि वाटर सप्लाई प्लांट तो रोजाना चल रहा है, लेकिन मोहल्ले में पानी की एक बूंद नहीं आ रही। लोगों ने आरोप लगाया कि लोकल ऑपरेटर अपनी मनमर्जी से वाल्व खोलता-बंद करता है। कुछ खास इलाकों में पानी दे देता है और बाकी लोगों को तरसा देता है। बुधवार सुबह पानी नहीं आने से परेशान दर्जनों महिला-पुरुष सड़क पर आ गए। लोगों ने खाली बाल्टी-डिब्बे लेकर विभाग के खिलाफ नारेबाजी की।जल्द मांग पूरी नही की गई तो सड़क जाम करने का चेतावनी दी गई।प्रदर्शन कर रहे लोगों ने कहा कि भीषण गर्मी में पीने तक का पानी नहीं मिल रहा। प्लांट से पंप चलने की आवाज आती है, लेकिन नल सूखे हैं। बार-बार शिकायत के बाद भी ऑपरेटर सुनता नहीं। विभाग के अधिकारी फोन नहीं उठाते।लोगों ने चेतावनी दी कि अगर 24 घंटे में नियमित पानी नहीं मिला तो उग्र आंदोलन किया जाएगा। साथ ही लोकल ऑपरेटर को हटाने की मांग भी की।मामले की जानकारी पर जलापूर्ति विभाग के कनीय अभियंता आशुतोष राणा ने आश्वासन दिया कि जांच कर दोषी ऑपरेटर पर कार्रवाई होगी। आज शाम से सभी इलाकों में पानी पहुंचाया जाएगा।फिलहाल जाम हट गया है लेकिन लोगों में विभाग के खिलाफ आक्रोश बना हुआ है।






















