रांची : रांची से दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है। एक महिला, जिसने पंद्रह बरस तक अपने प्रेमी के साथ पति-पत्नी सा जीवन जिया, उसी प्रेम की कहानी का अंत उसकी हत्या से हुआ। तमाड़ की इस महिला को मौत के हवाले कर दिया गया और उसके शव को सड़क पर फेंककर हादसे का रंग दिया गया। लेकिन सच देर तक छुपा नहीं, पुलिस ने जब परतें खोलीं, तो साजिश की दास्तान सामने आई। महिला की हत्या करने के जुर्म में पुलिस ने नशीम कुरैशी के बेटे दानिश कुरैशी और उसके ड्राइवर मो. साउद काजी को अरेस्ट कर लिया। दानिश के पिता और मां, जो इस साजिश में बराबर के हिस्सेदार बताये जा रहे हैं, फिलहाल हज यात्रा पर हैं।
25 अगस्त को मृतका की बेटी ने थाना पहुंचकर कहा, “पिता अब इस दुनिया में नहीं, लेकिन मां पिछले 15 सालों से नशीम कुरैशी के साथ रह रही थीं। दोनों के तीन बेटे और एक बेटी भी हैं, मुझे लगता है मां के साथ कुछ अनहोनी हुई है।” यही बयान पुलिस की जांच की चाबी बना। रांची पुलिस कप्तान चंदन कुमार सिन्हा के निर्देश पर रूरल SP प्रवीण पुष्कर की देखरेख में बनी टीम ने तकनीकी सुरागों से अपराधियों को बुंडू-एदलहातु से धर दबोचा। पुलिस पूछताछ में दानिश ने स्वीकार किया कि “पिता और मां के बीच रोज इस औरत को लेकर झगड़ा होता। हम सब मिलकर तय किये कि जब अब्बा और अम्मी हज पर चले जायें, तब हम इसे रास्ते से हटा देंगे।” और फिर 24 अगस्त की रात, महिला को गाड़ी में बैठाया गया। टाटीसिल्वे से सोनाहातु की राह पर शराब पिलाई गई। सुनसान टीकर मोड़ पर गला दबाकर हत्या कर दी गई। फिर शव को सड़क पर फेंक, गाड़ी चढ़ा दी गई, ताकि लगे, यह महज एक हादसा था। जिस रिश्ते को समाज ने कभी मान्यता नहीं दी, उसी रिश्ते का बोझ उठाते-उठाते एक स्त्री मौत के घाट उतार दी गई।





















