धनबाद, 29 अगस्त: आईआईटी (आईएसएम) धनबाद के कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग विभाग ने अपने वार्षिक दिवस “उद्भव 2025” को शानदार तरीके से मनाया। इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में सी-डैक मुंबई के एग्जिक्यूटिव डायरेक्टर आदित्य कुमार सिन्हा मौजूद रहे।
कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन और संस्थान गीत से हुई। विभागाध्यक्ष और सीएसईएस के अध्यक्ष प्रो. चिरंजीव कुमार ने स्वागत भाषण दिया, जिसके बाद प्रो. एम.के. सिंह, डीन (एकेडमिक) ने डायरेक्टर प्रो. सुकुमार मिश्रा की अनुपस्थिति में समारोह की अध्यक्षता की और सभा को संबोधित किया। इस अवसर पर उन्होंने Best Company Award 2025 माइक्रोसॉफ्ट को प्रदान किया।
पुरस्कार और सम्मान
- CSE Alumnus of the Year 2025 Award मुख्य अतिथि द्वारा महेश्वर रेड्डी चेन्नुरु (बैच 2018) को उनके प्रोफेशनल अचीवमेंट्स और डिसिप्लिन में योगदान के लिए प्रदान किया गया।
- सत्याम झा को GATE 2025 में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए सम्मानित किया गया।
- विभाग की मैगजीन BufferedReader v7.1 का विमोचन और SARC वेबसाइट का लॉन्च भी किया गया।
सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आकर्षण
इस आयोजन में सांस्कृतिक कार्यक्रमों का भी बेहतरीन आयोजन किया गया, जिसमें स्वरलिपि (सोलो सॉन्ग), नृत्यांजली व नृत्यमित्र (डांस परफॉर्मेंस), रागा रिप्राइज (इंस्ट्रूमेंटल), CSE Got Talent और Laugh Lines (स्टैंड-अप कॉमेडी) ने दर्शकों को खूब आनंदित किया।
स्पेशल TechTalk
कार्यक्रम का एक बड़ा आकर्षण रहा आईआईटी (आईएसएम) धनबाद के पूर्व छात्र और Hyphen व mCaffeine के सह-संस्थापक मोहित जैन का TechTalk — “From College to Corporate: What Really Matters”। उन्होंने अपने अनुभव साझा करते हुए बताया कि कैसे उन्होंने स्टार्टअप से लेकर ₹500 करोड़ से अधिक के बिज़नेस खड़े किए और छात्रों को उद्यमिता व करियर ग्रोथ के बारे में प्रेरित किया।
प्रतियोगिता विजेताओं का सम्मान
इस दौरान विभिन्न प्रतियोगिताओं जैसे Codessey 1.0, Codesshe 1.0, Recruitathon 1.0, Rang-Kriti, Chitrakala और अन्य सांस्कृतिक इवेंट्स के विजेताओं को भी सम्मानित किया गया।
समापन
कार्यक्रम का समापन सीएसईएस के वाइस-प्रेसिडेंट अनिल कुमार के धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ। यह आयोजन विभाग की शैक्षणिक उपलब्धियों और रचनात्मक ऊर्जा का शानदार प्रदर्शन रहा, जो न केवल छात्रों के लिए प्रेरणा का स्रोत बना, बल्कि आईआईटी (आईएसएम) धनबाद के उत्कृष्टता की मिसाल भी पेश किया।
आईआईटी (आईएसएम) धनबाद का यह आयोजन शैक्षणिक और सांस्कृतिक समृद्धि का बेहतरीन उदाहरण था, जिसने सभी को एक साथ मिलकर संस्थान की उन्नति की दिशा में योगदान करने की प्रेरणा दी।




















