35.5 C
Jharkhand
Saturday, June 6, 2026

रिम्स और राज हॉस्पिटल को किडनी ट्रांसप्लांट की मंजूरी, जल्द मिलेगा लाइसेंस…

राज्य में ही मिलेगा गंभीर बीमारियों का इलाज, बाहर जाने की जरूरत नहीं: अपर मुख्य सचिव

रांची:राज्य में किडनी ट्रांसप्लांट की सुविधा उपलब्ध कराने की दिशा में एक बड़ी पहल की गई है। राजेंद्र इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (रिम्स) और राज हॉस्पिटल को किडनी ट्रांसप्लांट का लाइसेंस देने पर सहमति बन गई है। दोनों संस्थानों को शीघ्र ही लाइसेंस जारी किया जाएगा।

आज अपर मुख्य सचिव, स्वास्थ्य, चिकित्सा शिक्षा एवं परिवार कल्याण विभाग अजय कुमार सिंह के कार्यालय कक्ष में मानव अंग प्रत्यारोपण अधिनियम के तहत गठित परामर्शदात्री समिति की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में अपर सचिव श्री विद्यानंद शर्मा पंकज, सेवानिवृत्त प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश श्री शिवनारायण सिंह, निदेशक प्रमुख (स्वास्थ्य सेवाएँ) डॉ. सिद्धार्थ सान्याल, डॉ. संजय कुमार, रिम्स के कार्डियोलॉजिस्ट डॉ. प्रकाश, नेफ्रोलॉजी विभागाध्यक्ष डॉ. प्रज्ञा घोष पंत, उप सचिव ध्रुव प्रसाद सहित एनजीओ प्रतिनिधि श्रीमती सरिता पांडेय एवं प्रगति शंकर उपस्थित रहीं।

बैठक में सर्वसम्मति से रिम्स एवं राज हॉस्पिटल को किडनी ट्रांसप्लांट का लाइसेंस देने का निर्णय लिया गया। इससे राज्य में ही किडनी प्रत्यारोपण की सुविधा उपलब्ध हो सकेगी और मरीजों को इलाज के लिए बाहर नहीं जाना पड़ेगा।
इसके अलावा समिति में राज्य के अन्य सरकारी एवं निजी चिकित्सा संस्थानों में लिवर, हार्ट और किडनी ट्रांसप्लांट की संभावनाओं पर भी चर्चा की गई। इस संबंध में 15 जनवरी को राज्य के 10 चिकित्सा महाविद्यालयों के साथ एक विशेष बैठक आयोजित करने का निर्णय लिया गया है।

अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह ने मुख्यमंत्री गंभीर बीमारी उपचार योजना के अंतर्गत राज्य से बाहर इलाज के लिए भेजे जाने वाले मरीजों की संख्या कम करने पर जोर दिया। उन्होंने निर्देश दिया कि राज्य में ही बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के लिए अतिरिक्त इंफ्रास्ट्रक्चर विकसित करने पर भी विचार किया जाए।

स्वास्थ्य विभाग द्वारा मुख्यमंत्री गंभीर बीमारी उपचार योजना के तहत एक विशेष पैकेज का निर्धारण किया गया है, ताकि गंभीर रोगों का इलाज राज्य में ही संभव हो सके। बैठक में इस बात पर विशेष बल दिया गया कि ट्रांसप्लांट सहित सभी आवश्यक चिकित्सा सुविधाएँ राज्य के भीतर उपलब्ध कराई जाएँ।

निर्णय के अनुसार, मुख्यमंत्री गंभीर बीमारी उपचार योजना के अंतर्गत यदि कोई रोगी आयुष्मान भारत मुख्यमंत्री अबुआ स्वास्थ्य सुरक्षा योजना के दायरे में नहीं आता है, तभी उसे राज्य के बाहर इलाज की अनुमति दी जाएगी। योजना के अंतर्गत आने वाले मरीजों का इलाज राज्य में ही सुनिश्चित किया जाएगा।

spot_img
Video thumbnail
लोक नायक जयप्रकाश नारायण को कोयलांचल ने दी भावभीनी श्रद्धांजलि...
03:23
Video thumbnail
घटिया नाली निर्माण को लेकर झरिया के इस क्षेत्र में लोगों का आक्रोश...
03:32
Video thumbnail
बैलगाड़िया में विस्थापितों को मिली बड़ी सौगात,डाकघर का हुआ शुभारंभ.सांसद ढुलू महतो ने गिनाई उपलब्धियां
03:15
Video thumbnail
7 जून कोDCA कर रहा है मार्गदर्शन का आयोजन,देश भर के नामी शिक्षाविद होंगे शामिल...
04:32
Video thumbnail
अंजना ओम कश्यप/yutube शिक्षक विवाद और खान सर- रौशन सर मामले में धनबाद के कोचिंग संचालकों ने कह दी
07:20
Video thumbnail
विश्व पर्यावरण दिवस Spl:ग्लोबल वार्मिंग और प्रदुषण से मुक्ति के लिए हर नागरिक प्रत्येक वर्ष कम से कम
04:08
Video thumbnail
आज़ादी के 79 साल बीतने के बावजूद "पक्की सड़क के इंतजार में गिरिडीह का चकमंजो गांव, जर्जर रास्ते पर
01:45
Video thumbnail
म्यूटेशन में धांधली से नाराज़ युवक चढ़ गया टावर पर,रखिए ऐसी शर्त की सुनकर आप भी रह जाएंगे दंग...
02:24
Video thumbnail
निरसा: नियोजन पुनर्वास और सुरक्षा की मांग को लेकर ग्रामीणों का OCP प्रबन्धन के खिलाफ आंदोलन शुरू...
02:03
Video thumbnail
पानी के लिए निरसा के इस इलाके में हाहाकार,सड़क जाम कर प्रदर्शन...
02:51

रिलेटेड न्यूज़

- Advertisement -spot_img

Most Popular

error: Content is protected !!