जामताड़ा:फतेहपुर थाना क्षेत्र से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है जहां आम जनता की सुरक्षा का जिम्मा संभालने वाला पुलिस विभाग का एक जिम्मेदार अधिकारी ही अपराधी बन गया 52 वर्षीय आदिवासी विधवा महिला ने थाने में तैनात सहायक पुलिस निरीक्षक (एएसआई) बिरंची प्रसाद भोक्ता पर जबरन घर में घुसकर दुष्कर्म करने का गंभीर आरोप लगाया है यह घटना पूरे इलाके में आक्रोश और रोष की लहर पैदा कर चुकी है ग्रामीण प्रशासन और पुलिस पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं
पीड़िता के बयान के मुताबिक बुधवार की रात करीब 11 बजे आरोपी एएसआई खिड़की तोड़कर घर में घुस आया और उसे अकेला पाकर जबरन दुष्कर्म किया विरोध करने पर पीड़िता के साथ मारपीट की गई और जान से मारने की धमकी दी गई पीड़िता का कहना है कि उसके पति की मौत हो चुकी है बेटा बाहर काम पर है और बहू मायके गई हुई थी इस वजह से घर पर अकेली होने का फायदा उठाकर यह जघन्य अपराध अंजाम दिया गया
घटना के बाद पीड़िता की लिखित शिकायत पर फतेहपुर थाना में केस संख्या 36/25 दर्ज कर लिया गया है आरोपी के खिलाफ बीएनएस की धारा 115(2) 64(2) 351(2) 331(4) और एससी-एसटी एक्ट की धारा 3 के तहत मामला दर्ज हुआ है बावजूद इसके स्थानीय लोग प्रशासन की धीमी कार्रवाई और पुलिस विभाग की छवि पर गंभीर सवाल उठा रहे हैं उनका कहना है कि अगर पुलिस विभाग के जिम्मेदार लोग ही अपराध करने लगें तो आम जनता कैसे सुरक्षित रहेगी
फतेहपुर की मुखिया जियामनी हेम्ब्रम और प्रमुख अरविंद कुमार मुर्मू ने इस घटना को मानवता को शर्मसार करने वाला कृत्य बताते हुए प्रशासन से सख्त कार्रवाई की मांग की है उनका कहना है कि इस मामले में तुरंत निष्पक्ष जांच कर दोषी को कड़ी से कड़ी सजा दी जाए ताकि भविष्य में कोई भी वर्दी का रौब दिखाकर कमजोर और असहाय महिलाओं के साथ ऐसी घटना करने की हिम्मत न कर सके
वहीं थाना प्रभारी कुंदन कुमार वर्मा ने कहा कि पीड़िता को मेडिकल जांच के लिए जामताड़ा भेजा गया है और पुलिस अनुसंधान जारी है लेकिन स्थानीय लोगों का गुस्सा शांत नहीं हो रहा उनका आरोप है कि जब रक्षक ही भक्षक बन जाएं तो ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए प्रशासन को सिर्फ बयानबाजी नहीं बल्कि तुरंत और सख्त कदम उठाने होंगे ताकि पीड़िता को न्याय और दोषी को कठोर सजा मिल सके…






















