जामताड़ा: जामताड़ा जिले के नाला प्रखंड क्षेत्र अंतर्गत दलाबड़ पंचायत के सदर गांव दलाबड़ से आंगनबाड़ी केंद्र होते हुए विद्यालय और प्रखंड मुख्यालय को जोड़ने वाली सड़क पूरी तरह जर्जर हो चुकी है। यह समस्या वर्षों से बनी हुई है, जिससे ग्रामीणों को लगातार भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
Highlights:
बरसात में समस्या और बढ़ जाती है
ग्रामीणों के अनुसार बरसात के दिनों में सड़क की हालत और बिगड़ जाती है।सड़क पर जगह–जगह गहरे गड्ढे बन गए हैं, कई हिस्से नाले जैसी स्थिति में बदल गए हैं, सड़क के पास बने तालाब के कारण दुर्घटना का खतरा भी बना रहता है।
प्रतिदिन 300–400 लोग करते हैं उपयोग
दलाबड़ गांव से प्रखंड मुख्यालय की दूरी केवल 2 किलोमीटर है।
यह सड़क दलाबड़, आमलाजोड़ा, सुड़ियापानी, पायराखोप, रघुनाथचक समेत कई गांवों के लिए मुख्य मार्ग है।
प्रतिदिन लगभग 300–400 लोग इसी रास्ते से आवाजाही करते हैं।
इसी मार्ग पर स्थित हैं—
- आंगनबाड़ी केंद्र
- प्राथमिक विद्यालय
- पंचायत भवन
- वन विभाग का कार्यालय
- प्रखंड मुख्यालय
- निर्माणाधीन अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी का आवास
5 साल पहले बना था मिट्टी-मोरम का रास्ता
ग्रामीण प्रदीप कुमार घोष और राजीव कुमार घोष ने बताया कि करीब 5–6 साल पहले यहां मिट्टी-मोरम डालकर सड़क बनाई गई थी, लेकिन बारिश में मिट्टी बह जाने से सड़क अब पूरी तरह खंडहर में बदल चुकी है।
ग्रामीणों ने जताई नाराजगी, प्रशासन से लगाई गुहार
ग्रामीणों ने बताया कि उन्होंने कई बार जनप्रतिनिधियों और प्रशासन से सड़क निर्माण की मांग की, लेकिन अब तक कोई ठोस पहल नहीं हुई है।
मुखिया ने दिया आश्वासन
दलाबड़ पंचायत की मुखिया साविका सोरेन ने बताया कि
“ग्राम विकास योजना के तहत सड़क निर्माण का प्रस्ताव लिया जाएगा और ग्रामीणों की समस्या का समाधान जल्द किया जाएगा।”
इन ग्रामीणों ने पक्की सड़क की उठाई मांग
राजीव घोष, प्रदीप कुमार घोष, अजीत घोष, चंद्र मोहन घोष, निमाई घोष, सुखमय घोष, गौर मंडल, बहादुर मंडल, गौतम घोष, सीताराम घोष, दयामय मंडल, नारद घोष, प्रसेनजीत वाद्यकर, सुजीत घोष, हीरालाल घोष, नदीयानंद घोष, अश्विनी घोष, तापस घोष, लालटू घोष सहित कई ग्रामीणों ने सड़क पक्की बनाने की मांग की है।





















